Posts

Showing posts with the label काव्य रचना :अनहद धुन

स्व रचित रचना : अनहद धुन.....शरीर बढ़ते बढ़ते लम्बा बृक्ष ताड़ के समान हुआ घटते घटते लगा मौत के आगोश में शून्य हुआ 🖋️प्रमोद कुमार सिन्हा, बाघी